17.7 C
Jodhpur

हनुमान के ऑफर और अटकलों के बीच पायलट ने मीडिया को बुलाया

spot_img

Published:

राजस्थान के पूर्व डिप्टी सीएम सचिन पायलट ने कल प्रेस वार्ता बुलाई है। पायलट जयपुर में 11.30 बजे मीडिया को संबोधित करेंगे। बता दें आरएलपी सुप्रीमो हनुमान बेनीवाल ने पायलट को नई पार्टी बनाने की सुझाव दिया है। राजनीतिक विश्लेषकों का कहना है कि राजस्थान की राजनीतिक में आने वाले दिन काफी उथल-पुथल हो सकते है। सचिन पायलट पार्टी आलाकमान पर दबाव बनाने की रणनीति पर काम कर रहे हैं। राजस्थान में अभी संगठनात्मक नियुक्तियों का दौर चल रहा है। ऐसे में माना जा रहा है कि नियुक्तियों में बराबरी की हिस्सेदारी के लिए पायलट दबाव बनाने के तौर पर प्रेस वार्ता करेंगे।

बता दें राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (RLP) के प्रमुख और सांसद हनुमान बेनीवाल ने सचिन पायलट को कांग्रेस छोड़कर नई पार्टी बनाने की सलाह दी है। बेनीवाल ने कहा- मैंने तो पहले भी कहा था कि सचिन पायलट अगर नई पार्टी बनाते हैं तो हम उनसे गठबंधन करेंगे। मैं तो चाहता हूं, सचिन पायलट का जिस तरह कांग्रेस में बार-बार अपमान हो रहा है। उन्हें कांग्रेस छोड़ देनी चाहिए।बेनीवाल ने कहा कि मैं पायलट को कहता हूं कि आप अलग पार्टी बनाएं। पायलट अगर नई पार्टी बनाते हैं। जबरदस्त माहौल बनेगा। इसका प्रभाव होगा

कांग्रेस-बीजेपी बहुत पीछे चली जाएगी। हम उनके साथ फिर गठबंधन कर सकते हैं। पायलट के पार्टी बनाने से कांग्रेस की फूट का फायदा मिलेगा। बीजेपी में भी फूट है, उसका भी फायदा होगा।बेनीवाल ने क​हा कि सचिन के पिता तो बहुत बड़े नेता थे। उन्होंने मंत्री पद से लेकर बड़े पदों पर काम किया। पायलट खुद भी मंत्री, डिप्टी सीएम रहे। हम लोगों ने पार्टी बनाई। हमारा तो कोई बड़ा बैकग्राउंड ही नहीं था। हम तो कभी सत्ता में नहीं रहे। पिछले 40 साल का सफर हम तो विपक्ष में रहकर ही लड़ते रहे हैं।

केजरीवाल से भी भेंट-मुलाकात
हनुमान बेनीवाल ने अपनी बेटी के जन्मदिन पर सीएम केजरीवाल को अपने घर बुलाया था। केजरीवाल के साथ AAP के और भी कई दिग्गज नेता पहुंचे थे। हनुमान ने इस मुलाकात की तस्वीर ट्विटर पर शेयर भी की थी। इस मुलाकात को लेकर राजनीतिक जानकारों ने कई तरह के मायने निकाले। ऐसा माना जा रहा है कि राजस्थान चुनाव में हनुमान की पार्टी RLP केजरीवाल की पार्टी के साथ गठबंधन कर सकती है। हनुमान अपने मजबूत आधार और केजरीवाल की लोकप्रियता के बदौलत कांग्रेस और भाजपा को टक्कर देने की सोच रहे हैं। हालांकि इस गठबंधन को लेकर दोनों पार्टियों की ओर से कोई बयान नहीं आया है।

कांग्रेस-भाजपा फूट से फायदा
हनुमान बेनीवाल ने कहा, ‘हमारी पार्टी कांग्रेस और भाजपा के साथ गठबंधन नहीं करेगी। भाजपा और कांग्रेस में फूट है। भाजपा में 13 में से 12 नेता तो मुख्यमंत्री के लिए दावेदारी ठोंक रहे हैं। इस बार भाजपा का राह आसान नहीं है।’ ऐसे में यह माना जा रहा है कि हनुमान भाजपा और कांग्रेस के खिलाफ एक मजबूत गठबंधन बनाना चाहते हैं। कांग्रेस में गहलोत और पायलट गुट का विवाद जगजाहिर है। हनुमान राजस्थान में कांग्रेस की सबसे कमजोर नब्ज को पकड़कर चुनावी मैदान में उतरना चाहते हैं।

[bsa_pro_ad_space id=2]
spot_img
spot_img

सम्बंधित समाचार

Ad

spot_img

ताजा समाचार

spot_img
error: Content is protected !!