32.4 C
Jodhpur

‘केरल मॉडल’ से गहलोत का चलेगा जादू? बजट में दे सकते हैं राशन और पेंशन

spot_img

Published:

एक बार कांग्रेस और एक बार भाजपा… राजस्थान में लंबे समय से हर 5 साल बाद सत्ता परिवर्तन का रिवाज रहा है। इस साल के अंत में एक बार फिर यहां विधानसभा चुनाव होने जा रहे हैं और जादूगर कहे जाने वाले मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की पूरी कोशिश होगी कि एक फिर उनका जादू चल जाए। लगातार दूसरी बार सत्ता पाने के लिए गहलोत 10 फरवरी को पेश होने जा रहे बजट में कुछ खास ऐलान कर सकते हैं। खुद अशोक गहलोत ने संकेत दिए हैं कि वह ‘केरल मॉडल’ पर सामाजिक सुरक्षा वाली योजनाओं का ऐलान कर सकते हैं। राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा का जवाब देते हुए गहलोत ने पिछले सप्ताह कहा कि केरल में सीपीएम की सरकार अच्छे कोविड प्रबंधन और सामाजिक सुरक्षा योजनाओं की वजह से बनी। उन्होंने कहा कि राजस्थान में भी बेहतर कोविड प्रबंधन की वजह से सरकार दोबारा बनेगी। 

बताया जा रहा है कि गहलोत सरकार भी इस तरह की योजना का ऐलान कर सकती है, जिसके गेमचेंजर होने की उम्मीद की जा रही है। अलवर में भारत जोड़ो यात्रा के दौरान गहलोत ने कहा था कि वह महंगाई और बेरोजगारी से लोगों की बढ़ीं मुश्किलों को कम करने के लिए कुछ तरीके निकालेंगे। मुख्यमंत्री सामाजिक सुरक्षा कानूनों की वकालत करते रहे हैं। बताया जा रहा है कि सरकार मौजूदा पेंशन योजना में राशि बढ़ाने के साथ किसानों के लिए वृद्धा पेंशन का ऐलान भी कर सकती है। चुनाव से पहले आखिरी बजट को गहलोत सरकार खूब प्रचारित करने की तैयारी में जुट गई है। 10 फरवरी को आ रहे बजट को ‘बचत, राहत और बादत’ टैग से प्रचारित किया जा रहा है। मुख्यमंत्री पहले ही कह चुके हैं कि उनका यह बजट युवाओं और विद्यार्थियों के लिए होगा।  

[bsa_pro_ad_space id=2]
spot_img
spot_img

सम्बंधित समाचार

Ad

spot_img

ताजा समाचार

spot_img
error: Content is protected !!